दुर्ग नगर निगम में फाइलों की सुरक्षा पर बड़ा सवाल, स्थापना शाखा की आलमारियों के टूटे ताले, चोरी की आशंका से मचा हड़कंप

दुर्ग : दुर्ग नगर निगम की स्थापना शाखा में आलमारियों के ताले टूटे मिलने से कार्यालय में हड़कंप मच गया है। इन आलमारियों में विभाग के महत्वपूर्ण दस्तावेज और फाइलें रखी जाती हैं। घटना के बाद फाइलों के गायब होने की आशंका जताई जा रही है। हालांकि, निगम कमिश्नर का कहना है कि उपलब्ध सूची के अनुसार कोई भी फाइल चोरी नहीं हुई है। मामले की शिकायत मिलने के बाद पुलिस जांच में जुट गई है।
जानकारी के मुताबिक, सोमवार को नगर निगम की स्थापना शाखा के कमरे और वहां रखी आलमारियों के ताले टूटे हुए पाए गए। घटना सामने आने के बाद कार्यालय में रखे दस्तावेजों की सुरक्षा को लेकर सवाल उठने लगे। स्थापना शाखा में कर्मचारियों की नियुक्ति, सेवा और अन्य प्रशासनिक कार्यों से संबंधित महत्वपूर्ण रिकॉर्ड रखे जाते हैं। ऐसे में ताले टूटने की घटना को गंभीरता से लिया जा रहा है।
फाइलें गायब हुईं या नहीं, जांच के बाद होगा स्पष्ट
घटना को लेकर सबसे बड़ा सवाल यह है कि निगम कार्यालय के भीतर आलमारियों के ताले किसने और किस उद्देश्य से तोड़े? क्या वहां रखे दस्तावेजों के साथ छेड़छाड़ हुई है या कोई फाइल गायब हुई है? पुलिस इन सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है।
महापौर ने पुलिस को दी सूचना, सीसीटीवी लगाने की बात
नगर निगम महापौर अलका बाघमार ने मीडिया से चर्चा में बताया कि उन्हें निगम की आलमारी तोड़े जाने की जानकारी मिली है। इसके बाद पुलिस को सूचना दे दी गई है। उन्होंने कहा कि पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा कि घटना में क्या-क्या गायब हुआ है। महापौर ने निगम कार्यालय की सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने के लिए सीसीटीवी कैमरे लगवाने की बात भी कही।
कमिश्नर का दावा- सूची में एक भी फाइल गायब नहीं
वहीं, निगम कमिश्नर लीना कोसम ने मामले में अलग जानकारी दी है। उनका कहना है कि उपलब्ध सूची के अनुसार एक भी फाइल चोरी नहीं हुई है। उन्होंने पुलिस से मामले की जांच कराने के लिए शिकायत की है। फिलहाल पुलिस घटना की पड़ताल कर रही है और संदिग्ध आरोपी की तलाश में जुटी है।
अब जांच के बाद ही साफ हो सकेगा कि आलमारियों के ताले तोड़ने के पीछे किसका हाथ था और क्या वास्तव में निगम के महत्वपूर्ण दस्तावेज गायब हुए हैं।







