धमतरी में बारिश ने बढ़ाई मुसीबत, मरीज को खाट पर बैठाकर उफनता नाला पार कराने की आई तस्वीर

धमतरी : छत्तीसगढ़ के वनांचल इलाकों में बारिश के दौरान ग्रामीणों की मुश्किलें एक बार फिर सामने आई हैं। धमतरी जिले के नगर पंचायत लटियारा के चर्रा कच्छारपारा में शनिवार सुबह एक बीमार व्यक्ति को अस्पताल पहुंचाने के लिए ग्रामीणों को जान जोखिम में डालकर उफनता नाला पार करना पड़ा। मरीज को खाट पर बैठाया गया और चार ग्रामीणों ने उसे उठाकर ओवरफ्लो हो रहे नाले के दूसरी तरफ पहुंचाया।
यह तस्वीर ग्रामीण इलाकों में बारिश के मौसम में बदहाल आवागमन व्यवस्था और पुल-पुलियों की जरूरत को उजागर करती है।
अचानक बिगड़ी तबीयत, अस्पताल पहुंचाना था जरूरी
जानकारी के अनुसार, चर्रा कच्छारपारा निवासी गोपेश पटेल की अचानक तबीयत बिगड़ गई। हालत को देखते हुए उन्हें तत्काल अस्पताल पहुंचाना जरूरी था। लेकिन लगातार बारिश के कारण चर्रा का डुमर नाला उफान पर था और उसे पार करना बेहद जोखिम भरा था।
मरीज को अस्पताल ले जाने का कोई सुरक्षित रास्ता नहीं होने के कारण ग्रामीणों ने खाट का सहारा लिया। चार लोगों ने मरीज को खाट पर बैठाया और उसे उठाकर तेज बहाव वाले नाले को पार कराया। इसके बाद मरीज को उपचार के लिए ले जाया गया।
हर बारिश में सामने आती है परेशानी
ग्रामीणों का कहना है कि डुमर नाले पर पुल नहीं होने के कारण बारिश के मौसम में हर साल इसी तरह की परेशानी सामने आती है। नाला उफान पर आने के बाद गांव का संपर्क प्रभावित हो जाता है। सबसे ज्यादा परेशानी बीमार मरीजों, स्कूली बच्चों और रोजमर्रा के काम से आने-जाने वाले ग्रामीणों को होती है।
ग्रामीणों ने प्रशासन से जल्द से जल्द नाले पर पुल का निर्माण कराने की मांग की है, ताकि बरसात के दौरान किसी मरीज को अस्पताल पहुंचाने के लिए लोगों को अपनी जान जोखिम में न डालनी पड़े।
कलेक्टर ने लोगों से सतर्क रहने की अपील की
मामले को लेकर जिला कलेक्टर ने कहा कि लगातार बारिश के चलते नदी-नाले उफान पर हैं। ऐसे में लोगों को पानी के तेज बहाव वाली जगहों पर जाने से बचना चाहिए और पूरी सतर्कता बरतनी चाहिए।
कलेक्टर के मुताबिक, जिन इलाकों में बाढ़ जैसी स्थिति बनी हुई है, वहां प्रशासन की ओर से पहले ही राशन पहुंचाने की व्यवस्था की गई है, ताकि प्रभावित लोगों को जरूरी सामान के लिए बाहर निकलने की जरूरत न पड़े।
माडमसिल्ली डैम के गेट खुलने से बढ़ा जलस्तर
इधर माडमसिल्ली डैम के गेट खोले जाने के बाद नदी का जलस्तर बढ़ गया है। कई स्थानों पर पुलों के ऊपर से तेज बहाव के साथ पानी गुजर रहा है। इसके बावजूद लोग अपनी जान जोखिम में डालकर पुल पार करते नजर आ रहे हैं।
तीजा पर्व के चलते कई महिलाएं अपने घर जाने के लिए तेज बहाव के बीच पुल पार करती दिखाई दीं। सामने आए वीडियो में भरी बस और ट्रैक्टर जैसे भारी वाहन भी तेज बहाव वाले पुल से गुजरते नजर आ रहे हैं। ऐसे में किसी बड़े हादसे की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता।
बारिश और बढ़ते जलस्तर के बीच प्रशासन की अपील के बावजूद जोखिम लेकर नदी-नालों और पुलों को पार करने की घटनाएं चिंता बढ़ा रही हैं। ऐसे स्थानों पर सुरक्षा व्यवस्था और निगरानी बढ़ाने की जरूरत महसूस की जा रही है।







