महासमुंद में कलेक्टर का बड़ा एक्शन प्लान! खराब सड़कों की जल्द मरम्मत, आवारा पशु छोड़ने वालों पर लगेगा जुर्माना

महासमुंद:कलेक्टर विनय कुमार लंगेह ने आज सुबह 10ः00 बजे आयोजित समय-सीमा की बैठक में विभिन्न विभागों के लंबित प्रकरणों, शासकीय योजनाओं और विकास कार्यों की विस्तृत समीक्षा करते हुए अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। बैठक में अपर कलेक्टर श्री सचिन भूतड़ा, श्री रवि साहू सहित सभी एसडीएम, तहसीलदार, जनपद पंचायत सीईओ, सीएमओ एवं जिला स्तरीय अधिकारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़े रहे। इस अवसर पर कलेक्टर लंगेह ने जिला स्तरीय अधिकारियों को उल्लास नवभारत साक्षरता कार्यक्रम से जुड़कर शिक्षार्थियों को शिक्षा प्रदान करने और कर्तव्यपूर्ण भाव से योगदान देने उल्लास शपथ दिलाया।कलेक्टर लंगेह ने जिले में बारिश में क्षतिग्रस्त एवं मरम्मत योग्य सड़कों की स्थिति की समीक्षा करते हुए संबंधित विभागीय अधिकारियों को आवश्यक मरम्मत कार्य शीघ्र कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आवागमन की सुविधा और सड़क सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए चिन्हांकित सड़कों की मरम्मत में अनावश्यक विलंब नहीं होना चाहिए। बारिश के कारण खराब हुई सड़कों का निरीक्षण कर आवश्यकतानुसार नियमित मरम्मत कार्य सुनिश्चित करने को कहा।

बैठक में मुख्यमंत्री हेल्पलाइन के संबंध में भी समीक्षा की गई। कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि मुख्यमंत्री हेल्पलाइन की जानकारी आम नागरिकों तक व्यापक रूप से पहुंचाई जाए। बैठक में बच्चों के आधार कार्ड पंजीयन की स्थिति की भी समीक्षा की गई। कलेक्टर ने कहा कि जिन बच्चों का आधार कार्ड (एमबीयू) अभी तक नहीं बना है, उनका चिन्हांकन कर पंजीयन की कार्रवाई शीघ्र पूरी की जाए। इसके लिए शिक्षा विभाग के साथ समन्वय स्थापित करते हुए 30 सितंबर तक लक्ष्य पूरा करने के निर्देश दिए गए। उन्होंने कहा कि स्कूल स्तर पर ऐसे बच्चों की जानकारी संकलित कर आवश्यक दस्तावेजों एवं पंजीयन की प्रक्रिया पूरी कराई जाए। साथ ही विद्यार्थियों के लिए अपार आईडी बनाने के लिए विशेष अभियान चलाकर शत प्रतिशत पूर्ण करने के निर्देश दिए गए। सभी संकुल समन्वयकों को विद्यार्थियों की अपार कार्ड बनाने सुनिश्चित करने कहा गया है। विकासखण्ड शिक्षा अधिकारियों को मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए गए। साथ ही स्कूलों किचन गार्डन विकसित करने और नेवता भोज का आयोजन नियमित रूप से करने कहा गया है।
कलेक्टर ने वीबीजी-रामजी ग्रामीण रोजगार से संबंधित कार्यों की भी समीक्षा की। उन्होंने ग्राम पंचायतों में स्वीकृत कार्यों की प्रगति, कार्य प्रारंभ होने की स्थिति तथा लक्ष्य के अनुरूप उपलब्धि की जानकारी ली। अधिकारियों को निर्देशित किया कि स्वीकृत कार्यों को समय पर प्रारंभ कर गुणवत्ता के साथ पूर्ण कराएं तथा ग्रामीणों को अधिक से अधिक रोजगार उपलब्ध कराने की दिशा में प्रभावी कार्रवाई करें।

किसानों से संबंधित एग्रीस्टेक पंजीयन की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने संस्थागत पंजीयन को प्राथमिकता से पूर्ण करने को कहा। उन्होंने राजस्व विभाग को किसानों से संपर्क कर आवश्यक जानकारी एवं दस्तावेज उपलब्ध कराने में सहयोग करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पंजीयन की प्रक्रिया में किसी भी संस्था को अनावश्यक परेशानी न हो। कलेक्टर ने डिजिटल क्राॅप सर्वे की प्रगति की समीक्षा करते हुए राजस्व अधिकारियों से कहा कि प्रत्येक ग्राम में सर्वे की स्थिति की नियमित समीक्षा करें तथा जहां कार्य शेष है, वहां विशेष टीम लगाकर समय-सीमा में कार्य पूरा करें। उन्होंने सर्वे के दौरान सभी संबंधित प्लॉट एवं आवश्यक अभिलेखों की जानकारी व्यवस्थित रूप से दर्ज करने पर जोर दिया। पटवारियों को सर्वे किए गए प्लाॅट्स का अप्रूवल शीघ्र करने कहा गया है।

बैठक में आवारा पशुओं की रोकथाम को लेकर भी कलेक्टर ने अधिकारियों को गंभीरता पूर्वक कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने नगरीय निकायों एवं ग्रामीण क्षेत्रों में आवारा पशुओं की समस्या का प्रभावी समाधान करने, पशुओं को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने तथा पशु मालिकों में जागरूकता लाने को कहा। उन्होंने कहा कि सड़कों पर आवारा पशुओं के कारण दुर्घटनाओं की स्थिति निर्मित न हो, इसके लिए नगरीय निकाय एवं पंचायत स्तर पर नियमित कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। ऐसे पशु मालिकों पर कार्रवाई एवं अर्थदण्ड सुनिश्चित करें जो समझाईश के पश्चात भी जानबुझकर मवेशियों को खुला छोड़ते हैं। सभी नगरीय निकायों में स्वच्छता पर विशेष जोर देते हुए प्रतिदिन कचरा निपटान एवं उठाव के निर्देश दिए हैं। सभी सामुदायिक शौचालयों को भी साफ रखें। इसके अलावा कलेक्टर ने न्यायालय के प्रकरणों का जवाबदावा समय पर प्रस्तुत करने, सुशासन तिहार, कलेक्टर जनदर्शन, पीजी पोर्टल, लोक सेवा गारंटी अधिनियम तथा जन शिकायतों की भी समीक्षा की। कलेक्टर श्री लंगेह ने सभी अधिकारियों को निर्देशित किया कि समय-सीमा की बैठकों में दिए गए निर्देशों का गंभीरता से पालन करें और प्रत्येक कार्य की प्रगति की नियमित समीक्षा करते रहें। उन्होंने कहा कि प्रशासन की कार्यप्रणाली में समयबद्धता, पारदर्शिता और जवाबदेही सर्वोच्च प्राथमिकता है। सभी अधिकारी विभागीय कार्यों के साथ-साथ जनहित से जुड़े प्रकरणों का संवेदनशीलता के साथ निराकरण सुनिश्चित करें।

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