मौनी अमावस्या पर न करें ये काम

kkbnews:-हरिद्वार. हिंदू धार्मिक मान्यता के अनुसार मौनी अमावस्या के दिन गंगा नदी में स्नान करने का विधान है. धार्मिक ग्रंथों के अनुसार मौनी अमावस्या पर गंगा स्नान करने से जाने-अनजाने में किये गए पापों से मुक्ति मिलती है. मौनी अमावस्या के दिन पितरों का तर्पण एवं पिंडदान भी किया जाता है. मौनी अमावस्या पर पितरों का तर्पण एवं पिंडदान करने से तीन पीढ़ी के पूर्वजों को मोक्ष की प्राप्ति होती है. वहीं, साधक यानी व्यक्ति पर पितरों की कृपा बरसती है. वैदिक पंचांग के अनुसार मौनी अमावस्या 29 जनवरी को मनाई जाएगी. माघ महीने में अमावस्या तिथि 28 जनवरी को शाम 7:35 बजे से प्रारंभ होकर 29 जनवरी को शाम 6:05 बजे समाप्त होगी. उदया तिथि के अनुसार मौनी अमावस्या 29 जनवरी को होगी. मौनी अमावस्या के दिन ब्रह्म मुहूर्त में स्नान और दान करना अत्यंत शुभ माना जाता है. मौनी अमावस्या को ब्रह्म मुहूर्त प्रातः 5:25 बजे से 6:19 बजे तक रहेगा. ज्योतिष शास्त्र के अनुसार मौनी अमावस्या पर कुछ कार्य वर्जित होते हैं. यदि वर्जित कार्य मौनी अमावस्या के दिन किए जाएं तो व्यक्ति को विपरीत फल मिलने के साथ दोष लगता है.






