हजारों की भीड़ के बीच बस्तर दशहरा में हादसा, एक की मौत और दूसरा गंभीर रूप से घायल

जगदलपुर : छत्तीसगढ़ के विश्वप्रसिद्ध बस्तर दशहरा में भीतर रैनी की रस्म से पहले दर्दनाक हादसा हो गया। आठ चक्कों वाले विजय रथ की चपेट में आने से एक व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि दूसरे व्यक्ति का पैर कटने की जानकारी सामने आई है। मृतक की पहचान फिलहाल नहीं हो सकी है। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और विजय रथ की गतिविधियां रोक दी गईं। घायलों को अस्पताल पहुंचाने के लिए एंबुलेंस बुलाई गई।
भीतर रैनी की रस्म से पहले हुआ हादसा
जानकारी के मुताबिक, बस्तर दशहरा की महत्वपूर्ण परंपरा भीतर रैनी के दौरान आठ चक्कों वाले विजय रथ को गोलबाजार की परिक्रमा कराई जाती है। इस ऐतिहासिक रस्म को देखने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु और स्थानीय लोग जुटते हैं।
बुधवार को भी रथ की परिक्रमा से पहले मौके पर भारी भीड़ मौजूद थी। इसी दौरान एक व्यक्ति विजय रथ के पहिए की चपेट में आ गया। हादसे में उसकी मौत हो गई। वहीं, दूसरे व्यक्ति का पैर कटने की सूचना है। उसे तत्काल एंबुलेंस की मदद से अस्पताल पहुंचाया गया।
माता दंतेश्वरी का छत्र रथ पर नहीं हुआ था विराजित
हादसे के समय तक माता दंतेश्वरी का छत्र विजय रथ पर विराजित नहीं हुआ था। बस्तर दशहरा की परंपरा के अनुसार, मावली परघाव की रस्म के बाद माता दंतेश्वरी के छत्र को आठ चक्कों वाले विजय रथ पर विराजित किया जाता है। इसके बाद रथ की गोलबाजार में परिक्रमा होती है।
हादसे के बाद रोकी गई रथ की गतिविधियां
भीतर रैनी की रस्म के दौरान हर साल हजारों लोग बस्तर दशहरा देखने पहुंचते हैं। भारी भीड़ के बीच रथ की आवाजाही के दौरान विशेष सतर्कता की जरूरत होती है। हादसे के बाद विजय रथ को रोक दिया गया और मौके पर आवश्यक कार्रवाई शुरू की गई।
फिलहाल मृतक की पहचान और हादसे के विस्तृत कारणों की आधिकारिक पुष्टि का इंतजार है। घटना से जुड़े अन्य तथ्यों की जानकारी सामने आने पर स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।







