किसानों की आय बढ़ाने और योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर जोर,कलेक्टर प्रतिष्ठा ममगाईं ने कृषि एवं संवर्गीय विभागों की ली समीक्षा बैठक

बेमेतरा  : कलेक्टर प्रतिष्ठा ममगाईं ने जिला कार्यालय के सभाकक्ष में कृषि एवं संवर्गीय विभागों की समीक्षा बैठक लेकर विभिन्न योजनाओं और गतिविधियों की प्रगति की विस्तार से समीक्षा की। बैठक में कृषि, उद्यानिकी, पशुधन विकास एवं मत्स्य पालन विभाग द्वारा संचालित योजनाओं की वर्तमान स्थिति, लक्ष्य की प्राप्ति तथा किसानों को मिल रहे लाभ की जानकारी ली गई।

कलेक्टर ममगाईं ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि किसानों को शासन की योजनाओं का अधिक से अधिक लाभ दिलाने के लिए समन्वय के साथ कार्य करें। उन्होंने कहा कि कृषि आधारित आजीविका को मजबूत बनाने के लिए विभागीय योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन आवश्यक है। किसानों को आधुनिक कृषि तकनीकों, उन्नत बीज, फसल विविधीकरण तथा बागवानी को बढ़ावा देने के लिए निरंतर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएं।

बैठक में कृषि विभाग की योजनाओं, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना, कृषि यंत्रीकरण, उन्नत बीज वितरण तथा विभिन्न कृषि विस्तार गतिविधियों की समीक्षा की गई। कलेक्टर ने अधिकारियों से कहा कि किसानों को समय पर आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें तथा योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए।

उद्यानिकी विभाग की समीक्षा के दौरान कलेक्टर ने फल, सब्जी एवं बागवानी फसलों के रकबे में वृद्धि करने तथा किसानों को उद्यानिकी फसलों की ओर प्रोत्साहित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि उद्यानिकी फसलें किसानों की आय बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं, इसलिए इस क्षेत्र में योजनाओं का बेहतर क्रियान्वयन किया जाए।

पशुधन विकास विभाग की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने पशु टीकाकरण, कृत्रिम गर्भाधान, पशु स्वास्थ्य सेवाओं तथा गौठानों में संचालित गतिविधियों की जानकारी ली। उन्होंने पशुपालकों को बेहतर सेवाएं उपलब्ध कराने तथा पशुधन आधारित आय बढ़ाने के लिए योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के निर्देश दिए।

मत्स्य पालन विभाग की समीक्षा के दौरान कलेक्टर ने तालाबों में मत्स्य बीज संचयन, मत्स्य उत्पादन बढ़ाने तथा मत्स्य पालकों को उपलब्ध कराई जा रही योजनाओं की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि मत्स्य पालन ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाने का महत्वपूर्ण माध्यम है, इसलिए मत्स्य पालकों को तकनीकी मार्गदर्शन और योजनाओं का लाभ समय पर उपलब्ध कराया जाए।

बैठक में संबंधित विभागों के अधिकारियों को योजनाओं की नियमित मॉनिटरिंग करने, प्रगति की समीक्षा करते हुए निर्धारित लक्ष्यों को समय-सीमा में पूर्ण करने के निर्देश दिए गए। इस अवसर पर संबंधित विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button